द्रौपदी मुर्मू की जिंदगी के 3 सबसे बड़े दर्द, संघर्षों से भरा रहा निजी जीवन

द्रौपदी मुर्मू का राजनीतिक जीवन बेहद शानदार रहा लेकिन पारिवारिक जिंदगी उतनी ही परेशान करने वाली रही.

क्योंकि 2009 से 2014 के बीच पांच साल में उन्होंने अपने दो जवान बेटों और पति की मौत का गम बर्दाश्त करना पड़ा.

लेकिन इन दर्दनाक अनुभव के बाद भी उन्होंने हार नहीं मानी और सार्वजनिक जीवन में अपनी सेवाओं को जारी रखा

द्रौपदी मुर्मू का निजी जीवन बेहद संघर्षमय रहा. राजनीतिक जीवन में उन्हें तरक्की की लेकिन पारिवारिक जीवन में उन्होंने बहुत कुछ खो दिया.

2009 में द्रौपदी मुर्मू के 25 वर्षीय बेटे लक्ष्मण मुर्मू की मौत हो गई.

भुवनेश्वर में लक्ष्मण मुर्मू घर में बेसुध हालात में मिले, अस्पताल ले जाने के बाद उन्हें मृत घोषितक कर दिया गया.

वहीं 2013 में द्रौपदी मुर्मू ने अपने दूसरे बेटे को खो दिया. रोड़ एक्सीडेंट में उनके बेटे की मौत हो गई. महज 4 साल में उन्होंने अपने 2जवान बेटों की मौत का दर्द झेलना पड़ा.

एक साल बाद ही 2014 में द्रौपदी मुर्मू के पति का निधन हो गया. उनके पति श्यामाचरण मुर्मू को हार्ट अटैक आया था.

5 साल मेंदो बेटे और पति को खोने के बाद द्रौपदी मुर्मू पूरी तरह से टूट गई थीं.